
बिहार में मुख्यमंत्री बालिका पीएचडी फेलोशिप का शुभारंभ आज किया जाएगा। इसके तहत लगभग 1000 छात्राओं को चार वर्षों तक 10000 रुपये प्रतिमाह की सहायता मिलेगी।

बिहार में असिस्टेंट प्रोफेसर परिनियम, 2026 में संशोधन की मांग को लेकर 21 दिन से चल रहा पीएचडी धारकों और छात्रों का आंदोलन वार्ता के बाद स्थगित हो गया। राज्यपाल ने 15 दिनों में कमेटी गठित करने का आश्वासन दिया है।

संस्थान के निदेशक शिरीष केदारे के मुताबिक, संस्थान ने चल रही PhD की समीक्षा की, ताकि यह पता लगाया जा सके कि छात्रों को डिग्री पूरी करने में इतनी देरी क्यों हो रही है। इसके बाद इन समस्याओं को दूर करने और छात्रों को कम समय में PhD पूरी करने पर काम किया गया।

पीएचडी कर रहे सूबे के नवनियुक्त सहायक प्राध्यापकों को बड़ी राहत मिली है। लोकभवन ने ऐसे सहायक प्राध्यापकों को पीएचडी करने की छूट प्रदान कर दी है।
BHU कुलपति को लिखे गए पत्र में प्रो. नेरलीकर ने आरोप लगाया कि वर्ष 2019 में एक छात्रा ने महज डेढ़ साल में पीएचडी पूरी कर ली। वह ज्यादातर समय अनुपस्थित रही। यही नहीं, उसने शोधकार्य छोड़ नौकरी ज्वाइन कर ली।
कृषि में उच्च शिक्षा और रिसर्च को बढ़ावा देने के लिए पीजी और PhD छात्रों के लिए स्टाइपेंड की घोषणा की गई है। इस पहल के तहत चुने गए छात्रों को हर महीने 15000 रु तक की आर्थिक सहायता मिलेगी।
PRSU प्रयागराज में पीएचडी प्रवेश प्रक्रिया के दौरान एआई के दुरुपयोग का मामला सामने आया है। विश्वविद्यालय ने पीएचडी की पांच सीटों के लिए प्राप्त 22 आवेदनों में से आठ निरस्त कर दिए। इस तरह करीब 36 फीसदी अभ्यर्थी प्रारंभिक जांच में ही बाहर हो गए।
पंजाब यूनिवर्सिटी में मंगलवार को एक पीएचडी छात्रा की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। बताया जा रहा है कि हादसा करंट लगने की वजह से हुआ। ज्योति का शव सड़क किनारे एक बिजली के खंभे के पास मिला था।
एमएनएनआईटी के एक पीएचडी छात्र को नियमों के उल्लंघन पर नियमित रूप से योग कक्षाओं में भाग लेना होगा। इसके साथ ही उसे अपनी उपस्थिति की रिपोर्ट समय-समय पर देनी होगी।
डीयू में 4 वर्षीय स्नातक करने वाले छात्रों को सीधे पीएचडी में प्रवेश देने के फैसले पर शिक्षकों के बीच मतभेद उभर आए हैं। कई फैकल्टी मेंबर्स का कहना है कि इससे शोध की बुनियाद कमजोर हो सकती है।